रिया ने विक्रम के सीने से अपना मुँह हटाया। उसके होंठ विक्रम के निप्पल्स को चूसने की वजह से और भी सुर्ख लाल और गीले हो गए थे। उसने अपनी मदहोश आँखों से विक्रम की ओर देखा और फिर अपनी नज़रें नीचे की ओर घुमाईं, जहाँ विक्रम की पैंट के भीतर एक हलचल मची हुई थी।
"बहुत देर से ये आपके कपड़ों के अंदर छटपटा रहा है," रिया ने बेहद अश्लील और सरल लहजे में कहा। "अब वक्त आ गया है कि मैं उस 'हथियार' को भी देखूँ जिससे आप मुझे डराते आए हैं।"







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